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नाबालिक को सोतले पिता ने घर में बंद कर बलात्कार, मामले में सोतेले पिता को 20 वर्ष की सजा एवं 1000 रूपये अर्थदण्ड- पुलिस अधीक्षक द्वारा रात्रि में थाना स्टेशन रोड पहुंचकर किया आकस्मिक निरीक्षण- सायबर हेल्पलाइन” के नाम पर फ्रॉड से रहे सावधान – नाबालिक वाहन चालकों व रॉन्ग पार्किंग पर रतलाम यातायात पुलिस की बड़ी कार्रवाई- 24 घण्टे के भीतर चोर को गिरफ्तार कर चोरी गये मश्रुका को जप्त करने में पुलिस को मिली सफलता- खेल चेतना मेला की तैयारी को मूर्त रूप देने के लिए हुई बैठक- मुख्यमंत्री डॉ. यादव के नेतृत्व में निवेश और औद्योगिक विकास के पथ पर लगातार अग्रसर-एमएसएमई मंत्री श्री काश्यप 2047 तक मध्यप्रदेश की जीडीपी 15 लाख करोड़ से 250 लाख करोड़ ले जाने का लक्ष्य,

रतलाम,

18/Dec/2025

पुलिस अधीक्षक द्वारा रात्रि में थाना स्टेशन रोड पहुंचकर किया आकस्मिक निरीक्षण, रात्रि गश्त का निरीक्षण कर पुलिस अधिकारियों को दिए कड़े दिशा-निर्देश, बताया हे की रतलाम जिले में कानून-व्यवस्था एवं नागरिकों की सुरक्षा को सुनिश्चित करने के उद्देश्य से पुलिस अधीक्षक अमित कुमार द्वारा दिनांक 16–17 दिसंबर 2025 की दरमियानी रात्रि को थाना स्टेशन रोड का आकस्मिक निरीक्षण किया गया।

निरीक्षण के दौरान पुलिस अधीक्षक द्वारा थाना प्रभारी निरीक्षक जितेंद्र सिंह जादौन से थाने पर उपस्थित बल, रात्रिकालीन ड्यूटी चार्ट, गश्त एवं चेकिंग में तैनात अधिकारियों एवं कर्मचारियों की जानकारी प्राप्त की गई। उन्होंने रात्रि गश्त की कार्यप्रणाली की समीक्षा करते हुए सतर्कता एवं सक्रियता बनाए रखने के निर्देश दिए।

पुलिस अधीक्षक द्वारा थाना परिसर स्थित हवालात, शस्त्रागार एवं मालखाने का भी निरीक्षण किया गया। हवालात में बंद बंदियों की स्थिति की जानकारी लेते हुए सुरक्षा व्यवस्था, स्वच्छता, सीसीटीवी कैमरों की कार्यशीलता एवं बंदियों को उपलब्ध कराई जा रही खुराक की स्थिति का जायजा लिया गया तथा आवश्यक दिशा-निर्देश दिए गए।

इसके पश्चात पुलिस अधीक्षक रात्रि में शहर की गश्त व्यवस्था के निरीक्षण हेतु रवाना हुए। उन्होंने शहर के प्रमुख मार्गों, बस स्टैंड, रेलवे स्टेशन क्षेत्र सहित मुख्य चौराहों का भ्रमण कर सुरक्षा एवं गश्त व्यवस्था का निरीक्षण किया। गश्त में तैनात पुलिस अधिकारियों एवं कर्मचारियों से संवाद कर उन्हें लगातार भ्रमण, सतर्क निगरानी एवं संदिग्ध गतिविधियों पर विशेष ध्यान देने के निर्देश दिए।

शीत ऋतु को दृष्टिगत रखते हुए पुलिस अधीक्षक द्वारा ड्यूटी पर तैनात कर्मचारियों को ठंड से बचाव हेतु गर्म वस्त्र पहनने एवं स्वास्थ्य संबंधी सावधानियां बरतने के भी निर्देश प्रदान किए गए

पुलिस अधीक्षक ने स्पष्ट किया कि रात्रिकालीन गश्त एवं चेकिंग व्यवस्था को और अधिक प्रभावी बनाया जाए ताकि आम नागरिक स्वयं को सुरक्षित महसूस कर सकें तथा जिले में शांति एवं कानून-व्यवस्था बनाए रखी जा सके।

रतलाम,

18/Dec/2025

सायबर हेल्पलाइन” के नाम पर फ्रॉड से रहे सावधान,सायबर ठगी के नए नए तरीकों से लोगों को ठगने के बढ़ते मामलों के दृष्टिगत पुलिस अधीक्षक अमित कुमार के निर्देशन पर सायबर क्राइम सेल रतलाम टीम द्वारा आम लोगो को सायबर ठगी ने नए नए तरीकों के प्रति आम लोगो को जागरूक करने के उद्देश्य से सायबर फ्रॉड के तरीके और उनसे बचने के उपाय के बारे में समय समय पर एडवाइजरी जारी की जा रही है। आजकल सायबर फ्रॉडस्टर द्वारा सायबर हेल्पलाइन के नाम पर आम लोगों को ठगने का मामला सामने आया है। सायबर क्राइम हेल्पलाइन के नाम से हो रही ठगी से सतर्क रहने की अपील,सायबर क्राइम सेल को जानकारी प्राप्त हो रही है सायबर फ्रॉडस्टर सरकारी सायबर क्राइम हेल्पलाइन नंबर 1930 के नाम का दुरुपयोग कर आम नागरिकों से धोखाधड़ी कर रहे हैं। ठग स्वयं को पुलिस/सायबर क्राइम अधिकारी बताकर लोगों को डराने-धमकाने एवं झांसे में लेकर आर्थिक नुकसान पहुंचाने का रहे हैं। सायबर हेल्पलाइन के नाम पर हो रही धोखाधड़ी के प्रमुख तरीके

फर्जी कॉल / व्हाट्सएप कॉल

ठग नागरिकों को कॉल कर स्वयं को 1930 सायबर क्राइम हेल्पलाइन का अधिकारी बताकर कहते हैं कि—

▪️आपके खाते से संदिग्ध लेन-देन हुआ है
▪️आपकी शिकायत 1930 पर दर्ज है
▪️आपका बैंक खाता फ्रीज होने वाला है

इसके बाद वे गोपनीय जानकारी प्राप्त करने का प्रयास करते हैं।

फर्जी SMS / व्हाट्सएप लिंक नागरिकों को संदेश भेजे जाते हैं
की आपकी 1930 पर शिकायत लंबित है, तुरंत लिंक खोलें” लिंक खोलते ही मोबाइल हैक हो सकता है या बैंक/UPI जानकारी चोरी हो जाती है।

KYC अपडेट के नाम पर ठगी
सायबर अपराधियों द्वारा कॉल पर कहा जाता है कि—
“1930 सायबर सेल के निर्देश पर आपकी KYC अपडेट करनी है” और फिर OTP, UPI पिन, ATM कार्ड विवरण मांगा जाता है।

रिमोट एक्सेस ऐप डाउनलोड करवाना
AnyDesk, TeamViewer, Quick Support जैसे ऐप डाउनलोड करवाकर मोबाइल का पूरा नियंत्रण ले लिया जाता है और खाते से राशि निकाल ली जाती है।

फर्जी शिकायत निपटारे / रिफंड का झांसा
शिकायत बंद करने या रिफंड दिलाने के नाम पर प्रोसेसिंग फीस या OTP मांगा जाता है।
एक फर्जी लेटर pdf बनाकर भेजा जाता है जिसमें अमाउंट रिफंड या कंप्लेंट चार्ज के नाम पर पैसे मांगे जाते है।

महत्वपूर्ण तथ्य
➡️ सायबर क्राइम हेल्पलाइन 1930 कभी भी कॉल करके OTP, UPI पिन, ATM विवरण या रिमोट ऐप इंस्टॉल करने के लिए नहीं कहती।
➡️ 1930 केवल शिकायत दर्ज करने हेतु है।

सायबर क्राइम सेल रतलाम की अपील – इन बातों का रखें विशेष ध्यान
किसी भी अनजान कॉल या मैसेज पर भरोसा न करें
✅ OTP, UPI पिन, CVV, ATM विवरण किसी को न बताएं
✅ किसी भी संदिग्ध लिंक पर क्लिक न करें
✅ किसी के कहने पर कोई रिमोट ऐप इंस्टॉल न करें।

रतलाम,

18/Dec/2025

यातायात सुरक्षा की दिशा में सख्त कदम — नाबालिक वाहन चालकों व रॉन्ग पार्किंग पर रतलाम यातायात पुलिस की बड़ी कार्रवाई, रतलाम शहर में यातायात व्यवस्था को सुचारू रखने एवं सड़क दुर्घटनाओं में प्रभावी कमी लाने के उद्देश्य से निरंतर वाहन चेकिंग अभियान संचालित किया जा रहा है।

इसी क्रम में कल दिनांक 17 दिसंबर को कालका माता मंदिर रोड पर स्थित कॉन्वेंट स्कूल के आसपास नाबालिक बच्चों द्वारा वाहन चलाने एवं अव्यवस्थित (रॉन्ग) पार्किंग को लेकर प्राप्त शिकायतों पर त्वरित कार्रवाई की गई।

कार्रवाई का विवरण–

यातायात पुलिस द्वारा मौके पर सघन चेकिंग अभियान चलाते नाबालिक वाहन चालकों के विरुद्ध वैधानिक कार्यवाही
रॉन्ग पार्किंग कर यातायात बाधित करने वाले वाहनों पर कार्रवाई की गई।


इस दौरान नियमों का उल्लंघन करने वाले लगभग 20 वाहन जप्त किए गए तथा ₹11,500/- का समन शुल्क (जुर्माना) वसूल किया गया। विद्यालय क्षेत्र में नाबालिकों द्वारा वाहन चलाना गंभीर दुर्घटनाओं को आमंत्रण देता है। उक्त क्षेत्र में लगातार मिल रही शिकायतों को दृष्टिगत रखते हुए यह कार्रवाई की गई।

अभिभावकों एवं नागरिकों से अपील–रतलाम पुलिस अभिभावकों से विशेष अपील करती है कि—अपने नाबालिक बच्चों को वाहन न चलाने दें। विद्यालय क्षेत्र में वाहनों को निर्धारित स्थान पर ही पार्क करें। यातायात नियमों का पालन कर पुलिस का सहयोग करें।

रतलाम,

18/Dec/2025

24 घण्टे के भीतर चोर को गिरफ्तार कर चोरी गये मश्रुका को जप्त करने में आलोट पुलिस को मिली सफलता आलोट थाने पर दिनांक 15.12.2025 को फरियादी भवानी शंकर पिता लक्ष्मीनारायण शर्मा जाति ब्राह्मण निवासी ग्राम गुलबालोद के शंकर मंदिर रोड़ स्थित सीमेंट की दुकान से रात्री के समय अज्ञात बदमाश द्वारा दुकान में घुसकर एल.ई.डी टीवी चुराकर ले गया था। फरियादी की रिपोर्ट पर थाना आलोट पर अपराध क्रमाकं 704/2025 धारा 305 (ए), 331 (4) का पंजीबद्ध कर विवेचना में लिया गया । दौराने विवेचना के घटना स्थल के आसपास लगे सीसीटीवी फुटेज के आधार पर अज्ञात बदमाश की पहचान मुकेश उर्फ लुक्का पिता कालुराम बागरी उम्र 25 साल निवासी ग्राम धरोला के रुप में हुई जिसको 24 घण्टे के भीतर गिरफ्तार किया गया तथा आरोपी के कब्जे से चोरी गई एल.ई.डी टीवी जप्त की गई। आरोपी को न्यायालय में पेश कर पीआर प्राप्त किया गया है जिससे अन्य चोरी के संबंध में पुछताछ की जा रही है।

गिरफ्तार आरोपी का नाम- मुकेश उर्फ लुक्का पिता कालुराम बागरी उम्र 25 साल निवासी ग्राम धरोला थाना आलोट

सराहनीय भूमिका -निरीक्षक मुनेन्द्र गौतम, उनि मनोज पाटीदार, सउनि कन्हैयालाल खेरवा, प्रआर. 528 भावसार, आर 02 सुनिल चुनारा, आर 1177 शुभम भाटी की मुख्य भूमिका रही।

रतलाम,

18/Dec/2025

नाबालिक को सोतले पिता ने घर में बंद कर बलात्कार, मामले में सोतेले पिता को 20 वर्ष की सजा एवं 1000 रूपये अर्थदण्ड ।

सजा का विवरण

थाना औद्योगिक क्षेत्र रतलाम के अप. क्रं. 356/2021 विशेष प्रकरण क्रमांक 83/2021 में न्यायालय (राकेश कुमार शर्मा) लैंगिक अपराधों से बालकों का संरक्षण अधिनियम, 2012)/षष्ठम अपर सत्र न्यायाधीश (म.प्र.) रतलाम द्वारा निर्णय दिनांक 16.12.2025 को अभियोक्त्री के सोतेले पिता अभियुक्त को धारा 5(एल)/6, 5(एन)/6 पॉक्सो एक्ट में 20 -20 वर्ष का सश्रम कारवास एवं 1000-1000 रूपये अर्थदण्ड से दण्डित कर आरोपी को जेल भेजा गया। प्रकरण में शासन की ओर से पैरवी विशेष लोक अभियोजक (पॉक्सो एक्ट) गौतम परमार द्वारा की गई। 

घटना का संक्षिप्त विवरण

प्रभारी उपनिदेशक अभियोजन/सहायक निदेशक अभियोजन, आशा शाक्यवार जिला रतलाम ने बताया है कि दिनाक 06.07.2021 को फरियादी अभियौक्त्री ने थाने पर रिपोर्ट की कि मैं कक्षा 8 वी तक पढ़ी लिखी हूँ। मेरी माँ ने सात वर्ष पहले मेरे सोतेले पिता के साथ शादी की है। सोतेले पिता हमारे साथ ही रहते है। जिसकी गंदी नजर हमेशा से मुझ पर रहती है। दिनांक 29/05/2021 को मेरे सोतेले पिता ने मेरी माँ को मारपीट कर घर से भगा दिया था और मुझे मेरी मेरी माँ के साथ नहीं जाने दिया। उसके बाद उसने मेरे साथ रात मे गलत काम किया और मुझे धमकी दी किसी को बताना मत उसके बाद मैंने मेरे सोतेले पिता से कहा की मुझे मेरी नानी के घर छोड दो तो वो मुझे नानी के घर छोड कर आ गया। मेरी माँ वापस रतलाम आ गई थी। दिनांक 08/06/2021 को मेरे सोतेले पिता मुझे वापस रतलाम लेकर आ गये। मेरी माँ रोज की तरह कचरा बिनने चली गई तब मेरे सोतेले पिता ने मेरा मुंह दबाकर मुझे कमरे से उठाकर आगे वाले कमरे में ले गये और मुझे कहा चिल्लाना मत ओर मेरे मुंह पर कपडा बांध दिया और मेरे हाथ दुपट्टे से बांध दिये और मेरे सारे कपडे उतार कर मेरे साथ बलात्कार किया। उसके बाद उसने मुझे धमकी दी कि किसी को बोलना मत मैने डर के कारण यह बात किसी को नही बतायी। दिनांक 13/06/2021 को मेरी माँ रोज की तरह कचरा बिनने के लिये निकल गई और उसने मेरे साथ बलात्कार किया। जिससे मुझे तकलीफ होने लगी तो मैंने मेरी माँ के आने पर सारी घटना बताई। फिर मैं अपनी माँ के साथ थाने पर रिपोर्ट करने आई हूँ रिपोर्ट करती हूं कार्यवाही कि जाये। रिपोर्ट पर थाना दीनदयाल नर रतलाम के अप.क्र. 356/2021 धारा 376 (2)(एन), 376(2) (च), 3/4, 5एल/5एन पास्को एक्ट एवं धारा 3 (2)(v), 3(1)(i), 3(w) (i) अजा./अजजा. अत्याचार निवारण अधिनियम पंजीबध्द कर विवेचना में लिया गया। सम्पूर्ण अनुसंधान के उपरांत अभियुक्त के विरूद्ध 376 (2)(एन), 376(2) (च), 3/4, 5एल/5एन पास्को एक्ट एवं धारा 3 (2)(v), 3(1)(i), 3(1)(w)(i) अजा./अजजा. अत्याचार निवारण अधिनियम अभियोग पत्र तैयार कर माननीय विशेष न्यायालय पॉक्सो एक्ट रतलाम के समक्ष प्रस्तुत किया गया। विचारण उपरांत माननीय विशेष न्यायालय द्वारा अपने निर्णय दिनांक 16.12.2025 को अभियोजन की ओर से प्रस्तुत दस्तावेजी, मौखिक साक्ष्य एवं वैज्ञानिक साक्ष्य को प्रमाणित मानते हुए अभियोक्त्री के सोतेले पिता अभियुक्त को 5(एल)/6, 5(एन)/6 पॉक्सो एक्ट में 20 -20 वर्ष का सश्रम कारवास एवं 1000-1000 रूपये अर्थदण्ड से दण्डित किया गया। प्रकरण में यह उल्लेनीय है कि विचारण के दौरान विशेष पॉक्सो न्यायालय में अभियोक्त्री उसके घर वालो के दबाव एवं समाज में बदनामी के दबाव के कारण पक्षविरोधी रहीं है परन्तु अभियोक्त्री के द्वारा धारा 164 द.प्र.सं. के कथन में अभियोयजन कहानी का समर्थन किया है। विशेष न्यायालय पॉक्सो एक्ट ने अपने निर्णय में अभियोक्त्री के धारा 164 द.प्र.सं. के कथन पर विश्वास करते हुए एवं डीएनए रिपोर्ट पॉजिटीव होने के आधार पर अभियुक्त को दोषसिद्ध किया गया।

रतलाम

18/Dec/2025

खेल चेतना मेला की तैयारी को मूर्त रूप देने के लिए हुई बैठक,20 से 23 दिसंबर तक आयोजित होगा खेल महाकुंभ क्रीड़ा भारती और चेतन्य काश्यप फाउंडेशन का आयोजन
क्रीड़ा भारती एवं चेतन्य काश्यप फाउंडेशन के तत्वावधान में 20 से 23 दिसंबर तक खेल चेतना मेला आयोजित होगा। मेले की तैयारी को मूर्त रूप देने के लिए आयोजन समिति, खेल सलाहकार, संयोजक, सहसंयोजकों के साथ ही खेल प्रशिक्षकों की महत्वपूर्ण बैठक संपन्न हुई। इसमें अब तक हुए कार्यों की समीक्षा की गई। साथ ही शुभारंभ अवसर पर शहर में निकलने वाली रैली सहित विभिन्न विषयों पर विस्तृत रूप से चर्चा हुई।
फाउंडेशन अध्यक्ष एवं सूक्ष्म, लघु एवं मध्यम उद्यम मंत्री चेतन्य काश्यप के नेतृत्व में खेल चेतना मेला आयोजित होगा। खेल मेला में इस बार विशेष रूप से आकर्षण का केंद्र बालिका क्रिकेट रहेगा, जो कि टेनिस बॉल से होगा। साथ ही जिस विद्यालय के सर्वाधिक खिलाड़ी खेल चेतना मेला के खेलों में भागीदारी करेंगे, उन्हें विशेष पुरस्कार प्रदान किया जाएगा।

आयोजन समिति सचिव मुकेश जैन ने बताया कि इस बार 98 स्कूलों ने अब तक सहभागिता की है। अन्य स्कूलों की प्रविष्टियां भी आना शेष है। शुभारंभ अवसर पर कॉलेज ग्राउंड से खेल जागृति रैली का शुभारंभ होगा, जो शहर के विभिन्न मार्गों से होकर नेहरू स्टेडियम पर पहुंचेगी, यहां इसका समापन होगा।
खेल चेतना मेला आयोजन समिति सचिव मुकेश जैन ने समस्त अभिभावकों, स्कूल संचालक व प्राचार्यों से आव्हान किया कि वे अधिक से अधिक संख्या में बच्चों के शारीरिक और मानसिक विकास के लिए खेल स्पर्धाओं में शामिल होने के लिए प्रेरित कर मैदान तक लाए। खेल मेले में इस बार 7 हजार से अधिक बच्चों की सहभागिता सुनिश्चित होगी। बैठक में मैदानों को समय पूर्व सभी तैयारियां पूर्ण करने की बात कही। समिति सचिव श्री जैन ने बताया कि इस बार शतरंज प्रतियोगिता लॉ कॉलेज के स्थान पर रोटरी हॉल में आयोजित होगी। बैठक में क्रीड़ा भारती जिलाध्यक्ष डॉ. गोपाल मजावदिया, सचिव अनुज शर्मा, अजीत छाबड़ा, राकेश शर्मा, बलवंत भाटी, आर.सी. तिवारी, अखिलेश गुप्ता, हरीश चांदवानी, संजय वशिष्ठ, गुलाम मोहम्मद, जगदीश श्रीवास्तव, प्रभाकर राव, शरद अग्रवाल, उमंग पोरवाल, राजा राठौड़, अमरीक राणा, भूषण व्यास, मणीन्द्र तिवारी, जितेंद्र धुलिया, जितेंद्र राणावत, कृष्ण गोपाल तिवारी, प्रद्युम्न मजावदिया, दिनेश जैन, पवन सिंदल, नीलेश खण्डारे, अर्जुन सिसोदिया आदि उपस्थित रहे।

रतलाम

18/Dec/2025

मुख्यमंत्री डॉ. यादव के नेतृत्व में निवेश और औद्योगिक विकास के पथ पर लगातार अग्रसर-एमएसएमई मंत्री श्री काश्यप 2047 तक मध्यप्रदेश की जीडीपी 15 लाख करोड़ से 250 लाख करोड़ ले जाने का लक्ष्य,मध्यप्रदेश में निवेश और उद्योगों के प्रति देश और दुनिया के उद्योगपतियों में आकर्षण,बता दे की एमएसएमई मंत्री चेतन्य कुमार काश्यप ने कहा है कि मुख्यमंत्री डॉ मोहन यादव के दूरदर्शी नेतृत्व में मध्यप्रदेश औद्योगिक विकास, निवेश और रोजगार सृजन के क्षेत्र में एक नए युग में प्रवेश कर चुका है और देश विदेश के निवेशक मध्यप्रदेश के प्रति आकृषित हुए हैं।उन्होंने कहा कि राज्य सरकार का लक्ष्य 2047 तक प्रदेश की जी डी पी 15 लाख करोड़ से 250 लाख करोड़ तक ले जाने का है।विकसित भारत @2047 के राष्ट्रीय विज़न के अनुरूप मुख्यमंत्री डॉ यादव ने मध्यप्रदेश के लिए स्पष्ट लक्ष्य तय किया है—प्रदेश को एक संतुलित, समावेशी और आत्मनिर्भर औद्योगिक अर्थव्यवस्था के रूप में स्थापित करना, जहां युवाओं को स्थानीय स्तर पर रोजगार मिले, एमएसएमई सशक्त हों और निवेशकों को भरोसेमंद माहौल प्राप्त हो। इसी विज़न के साथ सरकार ने आगामी तीन वर्षों का मिशन तय किया है, जो अधोसंरचना, ईज ऑफ डूइंग बिजनेस, निवेश और नवाचार पर केंद्रित है। विधानसभा के विशेष सत्र में सूक्ष्म, लघु एवं मध्यम उद्यम मंत्री श्री चैतन्य काश्यप ने सरकार की उपलब्धियों, आगामी तीन वर्षों की कार्ययोजना और मिशन 2047 की व्यापक रूपरेखा प्रस्तुत करते हुए बताया कि मुख्यमंत्री के नेतृत्व में औद्योगिक विकास को केवल नीतियों तक सीमित नहीं रखा गया, बल्कि उसे ज़मीन पर परिणामों में बदला गया है।

पिछले दो वर्षों में निवेश और औद्योगिक विश्वास की मजबूती

सूक्ष्म, लघु एवं मध्यम उद्यम मंत्री श्री चैतन्य काश्यप ने बताया कि पिछले दो वर्षों में मुख्यमंत्री के नेतृत्व में सरकार ने औद्योगीकरण को सर्वोच्च प्राथमिकता के रूप में स्थापित किया है। फरवरी 2025 में भोपाल में आयोजित ग्लोबल इन्वेस्टर समिट ने यह स्पष्ट कर दिया कि मध्यप्रदेश आज निवेशकों के लिए भरोसे, स्थिरता और दीर्घकालिक दृष्टि वाला राज्य बन चुका है। इसके साथ-साथ रीजनल इंडस्ट्री कॉनक्लेव, रीजनल इंडस्ट्री स्किल एंड एम्प्लॉयमेंट कॉनक्लेव (RISE), सेक्टर-विशिष्ट संवाद और देश-विदेश में आयोजित इंटरैक्टिव सत्रों के माध्यम से स्थानीय उद्यमियों, एमएसएमई इकाइयों और वैश्विक निवेशकों को सीधे संवाद का अवसर मिला। इन सतत प्रयासों के परिणामस्वरूप प्रदेश को लगभग 30.77 लाख करोड़ रु. के निवेश प्रस्ताव प्राप्त हुए, जिनमें से 8.57 लाख करोड़ रु. के प्रस्ताव धरातल पर उतर चुके हैं। मंत्री श्री काश्यप ने कहा कि मुख्यमंत्री स्वयं निवेश प्रोत्साहन की पूरी प्रक्रिया की मॉनिटरिंग कर रहे हैं और निवेश अनुकूल 18 नई नीतियों के माध्यम से यह सुनिश्चित किया गया है कि निवेश केवल कागज़ों तक सीमित न रहे, बल्कि समयबद्ध रूप से उत्पादन और रोजगार में परिवर्तित हो।

आगामी तीन वर्षों का मिशन : अधोसंरचना, गति और विश्वास

सरकार की आगामी तीन वर्षों की कार्ययोजना अधोसंरचना विकास, ईज ऑफ डूइंग बिजनेस और नीतियों के प्रभावी क्रियान्वयन पर आधारित है। वर्ष 2029 तक 35 नए औद्योगिक क्षेत्रों की स्थापना, एक्सप्रेस-वे और कॉरिडोर आधारित औद्योगिक नोड्स का विकास, डीएमआईसी के अंतर्गत विक्रम उद्योगपुरी फेस-2 और इंदौर-पीथमपुर इकोनॉमिक कॉरिडोर को गति देना इस मिशन का प्रमुख हिस्सा है। लॉजिस्टिक्स को सशक्त बनाने के लिए नए कार्गो टर्मिनल और इनलैंड कंटेनर डिपो विकसित किए जाएंगे। प्लग-एंड-प्ले पार्क और रेडी-टू-यूज़ शेड्स के माध्यम से उद्योगों की त्वरित स्थापना सुनिश्चित की जाएगी। सभी G2B सेवाओं को पूरी तरह पेपरलेस करते हुए सिंगल विंडो सिस्टम Invest 3.0 के माध्यम से निवेशकों को पारदर्शी और समयबद्ध सेवाएं दी जा रही हैं।

मिशन 2047 : संतुलित और औद्योगिक अर्थव्यवस्था की दिशा में

मिशन 2047 के तहत मध्यप्रदेश को कृषि आधारित मजबूती के साथ उद्योग और सेवा क्षेत्र में संतुलित वृद्धि की दिशा में आगे बढ़ाया जा रहा है। उद्योग क्षेत्र के योगदान को सशक्त करते हुए राज्य की अर्थव्यवस्था को अधिक मूल्य संवर्धन, निर्यात और व्यापक रोजगार सृजन से जोड़ने का लक्ष्य है। सरकार का उद्देश्य है कि 2047 तक सेवा और उद्योग क्षेत्र का योगदान लगभग 75 प्रतिशत तक पहुंचे।

नवाचार और तकनीक के क्षेत्र में आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस, बायोटेक्नोलॉजी, क्लीन टेक, सेमीकंडक्टर, एयरोस्पेस और स्पेस टेक्नोलॉजी जैसे सनराइज सेक्टर्स में निवेश आकर्षित किया जाएगा। आईटी पार्क, साइबर सिटी, मेडिकल डिवाइस पार्क, पीएम मित्र टेक्सटाइल पार्क, रिन्यूएबल एनर्जी इक्विपमेंट मैन्युफैक्चरिंग ज़ोन और लेदर क्लस्टर जैसी परियोजनाएं प्रदेश को भविष्य की अर्थव्यवस्था से जोड़ रही हैं।

रोजगार, एमएसएमई और उद्यमिता पर फोकस

मुख्यमंत्री के विज़न का केंद्र रोजगार सृजन है। औद्योगिक कॉरिडोर, मेगा निवेश परियोजनाएं और एमएसएमई आधारित विकास के माध्यम से लाखों युवाओं के लिए नए अवसर तैयार किए जा रहे हैं। एमएसएमई नीति, स्टार्टअप नीति और उद्यम क्रांति योजना के माध्यम से युवाओं, महिलाओं और नए उद्यमियों को प्रोत्साहित किया जा रहा है। आगामी वर्षों में एमएसएमई के जरिए बड़े पैमाने पर निवेश, रोजगार और निर्यात को बढ़ावा देने का लक्ष्य तय किया गया है।

आत्मनिर्भर और विकसित मध्यप्रदेश की ओर निर्णायक कदम

सूक्ष्म, लघु एवं मध्यम उद्यम मंत्री श्री चैतन्य काश्यप ने कहा कि मुख्यमंत्री के नेतृत्व में मध्यप्रदेश औद्योगिक विकास को केवल आंकड़ों की उपलब्धि के रूप में नहीं, बल्कि सामाजिक और आर्थिक परिवर्तन के सशक्त माध्यम के रूप में आगे बढ़ा रहा है। आगामी तीन वर्ष प्रदेश के लिए निर्णायक सिद्ध होंगे, जिनमें अधोसंरचना, निवेश, नवाचार और रोजगार को एक साथ जोड़ते हुए मिशन 2047 की ठोस नींव रखी जा रही है।

उन्होंने बताया कि सरकार का लक्ष्य मध्यप्रदेश को ऐसा राज्य बनाना है जहां निवेशकों को नीति-स्थिरता और प्रशासनिक भरोसा मिले, युवाओं को अपने ही प्रदेश में गुणवत्तापूर्ण रोजगार के अवसर उपलब्ध हों और एमएसएमई प्रदेश की अर्थव्यवस्था की रीढ़ के रूप में और अधिक सशक्त बनें। इसी दिशा में किए जा रहे योजनाबद्ध प्रयास मध्यप्रदेश को आत्मनिर्भर, प्रतिस्पर्धी और विकसित राज्य के रूप में स्थापित करेंगे।

कुटीर एवं ग्रामोद्योग विभाग

पिछले दो वर्षों मध्यप्रदेश ने विकास और नवाचार की नई ऊँचाइयां छुई हैं। यह उपलब्धियां केवल आंकड़े नहीं हैं, बल्कि हमारे परिश्रम, संकल्प और जनभागीदारी का प्रमाण हैं।

प्रधानमंत्री विश्वकर्मा योजना के अंतर्गत मध्यप्रदेश ने देश में स्किल सत्यापन एवं स्किल प्रशिक्षण में दूसरा, एनरोलमेंट, पंजीयन, प्रशिक्षण स्टायफंड वितरण (संख्या), ई-वाउचर, तथा ऋण वितरण (संख्या एवं राशि) में तीसरा, ऋण स्वीकृति (संख्या एवं राशि) में चौथा तथा टूलकिट वितरण में पाँचवां स्थान प्राप्त किया है। 48,063 ऋण प्रकरण स्वीकृत हुए, जिनकी राशि ₹ 436.34 करोड़ है। 42,559 प्रकरणों में ₹ 378.06 करोड़ का ऋण वितरित हुआ। 2,16,013 हितग्राहियों को कौशल विकास प्रशिक्षण मिला। 85,536 हितग्राहियों को टूलकिट और 2,45,513 हितग्राहियों को ई-वाउचर प्रदान किए गए। यह हमारी मेहनतकश जनता के आत्मनिर्भर भारत की ओर बढ़ते कदम हैं।

हाथकरघा एवं हस्तशिल्प विकास निगम और खादी बोर्ड ने मिलकर ₹ 65.10 करोड़ का विक्रय एम्पोरियम/प्रदर्शनियों के माध्यम से किया। एक जिला एक उत्पाद योजना के तहत विभाग के लिये चयनित जरी जरदोजी एवं जूट, लकड़ी के खिलौने, बाग प्रिंट, सीधी कारपेट, चंदेरी साड़ी, गुड़ दतिया एवं बटिक प्रिंट उज्जैन के उत्पादों की ब्रांडिंग एवं विपणन की सुविधा, विभाग की प्रमोशन, ब्रांड बिल्डिंग एवं विपणन अधोसंरचना योजना अंतर्गत उपलब्ध कराई जा रही है। हमारे शिल्पकारों की कला को सम्मान मिला है। डिण्डौरी का रॉट आयरन, उज्जैन का बटिक प्रिंट, ग्वालियर का कालीन शिल्प, बालाघाट की वारासिवनी साड़ी और जबलपुर का पत्थर शिल्प-इन सबको जी.आई. टैग प्राप्त हुआ। सीहोर के लकड़ी के खिलौने और नीमच का नांदना प्रिंट भी जल्द ही प्रमाणित होंगे। रोजगार सृजन में भी उल्लेखनीय प्रगति हुई। शासकीय वस्त्र प्रदाय योजना से 3132 बुनकरों को 1.27 लाख मानव दिवस का रोजगार मिला। ICDP और कौशल विकास योजनाओं से 1653 बुनकरों को प्रशिक्षण और उपकरण उपलब्ध कराए गए। 1710 हितग्राहियों को कौशल उन्नयन विकास कार्यक्रम से प्रशिक्षित किया गया। खादी और ग्रामोद्योग ने भी नई पहचान बनाई। ₹ 10.15 करोड़ का उत्पादन हुआ और 650 कतिन-बुनकरों को रोजगार मिला। 427 नए कतिन-बुनकरों को प्रशिक्षण देकर उत्पादन कार्य में जोड़ा गया। डिजिटल प्लेटफॉर्म पर “कबीरा खादी” और “विंध्यावैली” ब्रांड को लॉन्च किया गया। रेशम उत्पादन में भी मध्यप्रदेश ने कदम आगे बढ़ाए। निजी क्षेत्र में मलबरी पौधारोपण 439 एकड़, शासकीय रेशम केन्द्रों पर मलबरी पौधारोपण 276 एकड़ कुल 715 एकड़ में 3.51 किलोग्राम मलबरी ककून उत्पादन कर 5451 किसानों को लाभान्वित किया गया। 1388 ककून हितग्राहियों से 808.10 लाख टसर ककून उत्पादन कराया गया। पचमढ़ी में सिल्कटेक पार्क, मढ़ई में ईको टूरिज्म और मालाखेड़ी में ककून मंडी की स्थापना की गई। मध्यप्रदेश आज केवल संभावनाओं का राज्य नहीं, बल्कि परिणामों का राज्य बन रहा है। सरकार की नीतियां, नेतृत्व की प्रतिबद्धता और प्रशासनिक सुधार-तीनों मिलकर प्रदेश को उद्योग, निवेश और रोजगार का नया केंद्र बना रहे हैं।

हम सब मिलकर यह सुनिश्चित करेंगे कि विकास का लाभ प्रदेश के हर जिले, हर युवा और हर परिवार तक पहुंचे। मध्यप्रदेश आगे बढ़ रहा है-तेजी से, संतुलन के साथ और विश्वास के साथ।

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